महिला जगत (24)

महिला जगत

Children categories

ठंडाई (THANDAI) गर्मियों के दिनों में बहुत ही स्वादिष्ट, ताजगी और ऊर्जा देने वाला पेय है. अगर एक आप गिलास ठंडाई (Milk Thandai) रोज सुबह पीते हैं, तो धूप में लगने वाली लू और नकसीर (नाक से खून आने) जैसी तकलीफों से भी बचे रहेंगे.
 
 
बाजार से भी तैयार ठंडाई खरीदी जा सकती है, लेकिन घर में बनी हुई ठंडाई आपको बिना मिलाबट और प्रजरवेटिव्स के मिलेगी, जो अवश्य ही आपके स्वास्थ्य के लिये फायदे मंद होगी. तो आइये आज हम ठंडाई बनायें.
 
आवश्यक सामग्री - 
 
चीनी - 5 कप (1कि 200ग्रा.)
पानी -  2 1/2 कप (600 ग्राम)
बादाम -  1/2 कप से थोड़े अधिक ( 100 ग्राम)
सोंफ -  1/2 कप ( 50 ग्राम)
काली मिर्च - 2 छोटी चम्मच
खसखस -         1/2 कप (50 ग्राम)
खरबूजे के बीज -1/2 कप (50 ग्राम)
छोटी इलाइची - 30 - 35 (छील कर बीज निकाल लीजिये)
गुलाब जल - 2 टेबल स्पून (यदि आप चाहें)
 
 
विधि - 
 
 
किसी बर्तन में चीनी और पानी मिलाइये और उबाल आने के बाद 5 -6 मिनिट तक उबालिये और ठंडा कर लीजिये, चीनी का घोल बन कर तैयार हो गया.
 
 
सोंफ, कालीमिर्च, बादाम, खरबूजे के बीज, इलाइची के दाने और खसखस को साफ कीजिये और धो कर पानी में अलग अलग  घंटे के लिये भिगो दीजिये (रात भर भी भिगोया जा सकता है).
 
 
सभी चीजों से अतिरिक्त पानी निकाल दीजिये. बादाम को छील कर छिलका अलग कर दीजिये.
 
 
सभी चीजों को बारीक पीस लीजिये. इन चीजों को पीसने के लिये पानी की जगह चीनी के घोल का प्रयोग करिये.
 
 
बारीक पिसे मिश्रण को चीनी के घोल में मिलाइये और छान लीजिये.
 
 बचे हुये मोटे मिश्रण में घोल मिला कर फिर से बारीक होने तक पीस कर छान लीजिये.
 
 
ठंडाई बन चुकी है, ठंडाई को एअर टाइट बोतल में भरिये और फ्रिज में रख लीजिये. इसको आप फ्रिज में 1महिने से भी अधिक रख सकती हैं.
 
 
जब भी आपको ठंडाई पीनी है, आप इसमें आवश्यक्तानुसार बर्फ एवं दूध मिलाइये, और ठंडी ठंडी ठंडाई पीजिये.

View items...

जी हां, होली है ।
होली है त्यौहार रंगों का, प्रेम का, भाईचारे का, सौहार्द का ।
इस दिन सब गिले शिकवे भूल कर दुश्मन भी गले लग जाते हैं । एक दूसरे के
घर जाते हैं रंग लगाते हैं, मिठाई खाते हैं और आगे बढ़ जाते हैं । यहां तक तो ठीक है किन्तु कुछ लोग इस भाईचारे का, प्यार मोहब्बत का गलत मतलब निकाल लेते हैं और फायदा उठाने की कोशिश करते हैं ।

अक्सर कुत्सित विचारों के व्यक्ति होली की आड़ में छेड़ छाड़ करते हैं । दूसरों की बहू बेटियों को जबरदस्ती रंग लगाने, पानी डालने की कोशिश और हुड़दंग करते हैं। मना करने पर वही जुमला.........बुरा ना मानो होली है.........नतीजा प्रेम प्यार का त्यौहार मन मुटाव का कारण बन जाता है । अक्सर मोहल्ले के आवारा किस्म के लड़के इस का कारण बनते हैं । बात बच्चों से बडों तक पहुंच जाती है और कई बार तो बात तकरार ,हाथापाई और फिर अनबोली तक पहुंच जाती है ।

इस लिए जरूरी हे कि कुछ बातों का ख्याल रखा जाये । त्योहार है रंग लगाईए लेकिन मर्यादा में रह कर । हंसी मज़ाक की भी एक मर्यादा होती है । मर्यादा भंग होते ही सब गड़बड़़ हो जाता है जैसे जब समुदर् अपनी मर्यादा पार करता है तो कितनी तबाही होती है। इसी तरह रिश्तों में मर्यादा रखना बड़ा जरूरी होता है । गली मोहल्ले में यार दोस्त आपस में रंग खेलें मस्ती करें उस में कोई दोष नहीं लेकिन हुड़दंग करते हुए दूसरों की बहू बेटियों पर बेहूदा टिप्पणियां करना बड़ा गलत है । इस से आप की अपनी इज्जत तो जाती ही है आप के मां बाप की परवरिश पर भी सवाल उठते हैं ।

holi के लिए इमेज परिणाम

रंगों का त्योहार है, रंग लगाईए । कई लोग तो कीचड़, पेंट और यहां तक कि कोलतार तक पोत देते हैं । सोचिए यह सब छुड़ाने में कितनी तकलीफ होगी, ऐसे में कोई आप को दुआ तो देगा नहीं कोसेगा ही ।

शाम को जब नहा धो कर होली मिलन के लिए जाते हैं तो ज्यादातर लोग चितकबरे दिखते हैं और तरह तरह के रंग छुड़ाने के उपाय करने के कारण एलर्जी से परेशान होते हैं। इस लिए रंगों का त्यौहार मनाईए, रगं लगाईए, मिठाई खाईए और खिलाईए, मौज मज़ा करिये लेकिन शालीनता का दामन मत छोड़िए ।

होली के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं ।

शशि पाठक
जयपुर 

रजनी खेतान
इंदौर

प्रदोष व्रत में भगवान शिव की पूजा की जाती है| यह व्रत निर्जल अर्थात् बिना पानी के किया जाता है | त्रयोदशी के दिन, पूरे दिन व्रत करके प्रदोष काल मे स्नान आदि कर साफ़ सफेद रंग के वस्त्र पहन कर पूर्व दिशा में मुह कर भगवान की पूजा की जाती है|
सबसे पहले दीपक जलाकर उसका पूजन करें।
सर्वपूज्य भगवान गणेश का पूजन करें|
तदुपरान्त शिव जी की प्रतिमा को जल, दूध, पंचामृत से स्नानादि कराए | बिलपत्र, पुष्प , पूजा सामग्री से पूजन कर भोग लगाएं। कथा कर आरती करें।

प्रदोष व्रत की कथा
---------------------------

प्राचीन काल में एक गरीब पुजारी हुआ करता था| उस पुजारी की मृत्यु के बाद, उसकी विधवा पत्नी अपने पुत्र को लेकर भरण-पोषण के लिए भीख मांगते हुए, शाम तक घर वापस आती थी| एक दिन उसकी मुलाकात विदर्भ देश के राजकुमार से हुई जो कि अपने पिता की मृत्यु के बाद दर-दर भटकने लगा था| उसकी यह हालत पुजारी की पत्नी से देखी नही गई, वह उस राजकुमार को अपने साथ अपने घर ले आई और पुत्र जैसा रखने लगी|

एक दिन पुजारी की पत्नी अपने साथ दोनों पुत्रों को शांडिल्य ऋषि के आश्रम ले गई | वहा उसने ऋषि से शिव जी के इस प्रदोष व्रत की कथा व विधी सुनी , घर जाकर अब वह प्रदोष व्रत करने लगी | दोनों बालक वन में घूम रहे थे, उसमे से पुजारी का बेटा तो घर लौट गया, परन्तु राजकुमार वन में ही रहा | उस राजकुमार ने गन्धर्व कन्याओ को क्रीडा करते हुए देख, उनसे बात करने लगा | उस कन्या का नाम अंशुमती था | उस दिन वह राजकुमार घर भी देरी से लौटा|

दूसरे दिन फिर से राजकुमार उसी जगह पंहुचा, जहाँ अंशुमती अपने माता-पिता से बात कर रही थी| तभी अंशुमती के माता-पिता ने उस राजकुमार को पहचान लिया तथा उससे कहा की आप तो विदर्भ नगर के राजकुमार हो ना, आपका नाम धर्मगुप्त है| अंशुमती के माता-पिता को वह राजकुमार पसंद आया और उन्होंने कहा कि शिव जी की कृपा से हम अपनी पुत्री का विवाह आपसे करना चाहते है , क्या आप इस विवाह के लिए तैयार है?

राजकुमार ने अपनी स्वीकृति दी और उन दोनों का विवाह संपन्न हुआ| बाद में राजकुमार ने गन्धर्व की विशाल सेना के साथ विदर्भ पर हमला किया और घमासान युद्ध कर विजय प्राप्त की तथा पत्नी के साथ राज्य करने लगे| वहा उस महल में वह उस पुजारी की पत्नी और पुत्र को आदर के साथ ले जाकर रखने लगे | उनके सभी दुःख व दरिद्रता दूर हो गई और सुख से जीवन व्यतीत करने लगे|

एक दिन अंशुमती ने राजकुमार से इन सभी बातो के पीछे का रहस्य पूछा | तब राजकुमार ने अंशुमती को अपने जीवन की पूरी बात और प्रदोष व्रत का महत्व और प्रदोष व्रत से प्राप्त फल से अवगत कराया|
उसी दिन से समाज में प्रदोष व्रत की प्रतिष्ठा व महत्व बढ़ गया तथा मान्यतानुसार लोग यह व्रत करने लगे|

कैसे करें प्रदोष व्रत का उद्यापन
-------------------------------------------

त्रयोदशी के दिन स्नानादि करके , साफ़ व कोरे वस्त्र पहनें।
रंगीन वस्त्रों से भगवान की चौकी को सजाएं।
उस चौकी पर प्रथम पूज्य भगवान गणेशजी की प्रतिमा रख, शिव-पार्वती की प्रतिमा रखे और विधी विधान से पूजा करे|
पूजा ममें नैवेद्य लगा कर हवन भी करें|
प्रदोष व्रत के हवन में पुराणों के अनुसार दिये मंत्र ॐ उमा सहित-शिवाये नम: का कम से कम 108, अधिक से अधिक अपनी श्रध्दा के अनुसार आहुति दें।
तदुपरान्त पूरे भक्तिभाव से आरती करें |
पुरोहित को भोजन करा कर दान दे, अन्त में पूरे परिवार के साथ भगवान शिव और पुरोहितों का आशीर्वाद लेकर प्रसादी ग्रहण करें।

 

Image may contain: 1 person, close-up

 

रजनी खेतान
इंदौर

रजनी खेतान
इंदौर

प्रदोष व्रत भगवान शिव के कई व्रतों में से एक है जो कि बहुत फलदायक माना जाता है| इस व्रत को कोई भी स्त्री जो अपनी मनोकामना पूरी करना चाहती है, कर सकती है|

प्रदोष व्रत क्या है?
-----------------------
प्रदोष व्रत का अर्थ है, सूर्यास्त के बाद तथा रात्रि का सबसे पहला पहर, जिसे सायंकाल कहा जाता है | उस सायंकाल या तीसरे पहर के समय को ही प्रदोष काल कहा जाता है |

कब होता है प्रदोष व्रत?
--------------------------------
“ प्रदोष व्रत प्रत्येक पक्ष (कृष्ण पक्ष व शुक्ल पक्ष) की त्रयोदशी को किया जाता है| ”

प्रदोष व्रत का महत्व
----------------------------
कई जगह मान्यता व श्रध्दा के अनुसार स्त्री-पुरुष दोनों यह व्रत करते है| कहा जाता है इस व्रत से, कई दोष की मुक्ति तथा संकटों का निवारण होता है| यह व्रत साप्ताहिक महत्व भी रखता है |

वार के अनुसार प्रदोष व्रत-
--------------------------------------

रविवार को यह भानु प्रदोष के रूप में जीवन में सुख-शांति, लंबी आयु के लिए किया जाता है|

सोमवार को यह सोम प्रदोष के रूप में किया जाता है|
इच्छा के अनुसार फल प्राप्ति तथा सकरात्मकता के लिए|

मंगलवार को भौम प्रदोष के रूप में स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं व समृद्धि के लिए होता है|

बुधवार को इसे सौम्यवारा प्रदोष भी कहा जाता है।
यह शिक्षा व ज्ञान प्राप्ति के लिए किया जाता है|

गुरुवार को गुरुवारा प्रदोष से जाना जाता है।
यह पितरों से आशीर्वाद तथा शत्रु व खतरों के विनाश के लिए किया जाता है|

शुक्रवार को भ्रुगुवारा प्रदोष कहा जाता है|
धन, संपदा व सौभाग्य , जीवन में सफलता के लिए किया जाता है|

शनिवार को शनि प्रदोष कहा जाता है। यह नौकरी में पदोन्नति की प्राप्ति के लिए किया जाता है|
जिस भी वार पर यह तिथि आती है उस के अनुसार यह व्रत होता है|

Image may contain: 1 person, close-up
 

रजनी खेतान
इंदौर

‘शी सेज़’ (she says) नाम के एक ग्रुप ने ट्विटर पर #LahuKaLagaan नाम का एक कैंपेन चलाया है. यह कैंपेन सेनेटरी नैपकिन पर लगे टैक्स को हटवाने के लिए है. ट्विटर पर बहुत सारी लड़कियां आगे आ रही हैं और इस कैंपेन को सपोर्ट कर रही हैं. हैशटैग्स में वित्त मंत्री अरुण जेटली को टैग करके अपील की जा रही है कि सेनेटरी नैपकिन्स पर लगे टैक्स को हटा दिया जाए.

गर्लियापा ने ‘शी सेज़’ के साथ मिलकर ये वीडियो बनाया है, जो ट्विटर पर खूब चल रहा है. अदिति राव हैदरी ने अपने ट्वीट में कहा है - सैनिटरी नैपकिन लग्जरी नहीं जरूरत हैं. इन्हें इतना सस्ता रखना चाहिए कि उन्हें ज्यादा से ज्यादा महिलाएं खरीद सकें.

वीडियो में हल्की-फुल्‍की बातें ही कही गई हैं लेकिन औरतों की सेहत के हिसाब से देखा जाए तो यह काफी गंभीर बातें हैं, जिन पर सरकार को विचार करना चाहिए. भारत में लगभग पांच में से एक ही औरत पैड खरीद पाती है क्योंकि न तो उसके पास ठीक-ठीक जानकारी है और न ही खरीदने के लिए पैसे. इस कैंपेन का साथ देने मशहूर एक्टर मल्लिका दुआ और आर. जे. आभा भी सामने आईं हैं. दोनों ने सोशल मीडिया पर इस कैंपेन को लेकरअपने वीडियो अपलोड किए हैं.

रजनी खेतान, इंदौर 

• सामग्री :-

खोया/मावा - 3 बड़े चम्मच
फुल क्रीम दूध - 1/2 लीटर
कॉर्नफ्लोर - 1 छोटा चम्मच
चीनी - 2 चम्मच
इलायची पाउडर - 1/2 छोटा चम्मच
पानी - 1/4 कप
पिस्ता, छि‍ला और कटा हुआ - 1 बड़ा चम्मच
बादाम, छि‍ला और कटा हुआ - 1 बड़ा चम्मच

• विधि :-

एक भारी तले के बर्तन में दूध डालकर गैस पर रखें. आंच तेज कर दें.

उबाल आने पर आंच को मध्यम करें और इसे तब तक चलाएं जब तक यह गाढ़ा न हो जाए. इसमें तकरीबन 10-15 मिनट लगेंगे.

चम्मच की मदद से बर्तन के चारों ओर लगे दूध को छुड़ाते रहें ताकि यह बर्तन में न चिपके.

अब पानी में कॉर्नफ्लोर डालकर ऐसे मिलाएं कि इसमें दाने (गांठ) न पड़ें. इसे गाढ़े दूध में मिलाएं और चलाते रहें ताकि बर्तन में चिपके नहीं. अगर ऐसा नहीं किया तो आपको जले का स्वाद आएगा.

अब इस मिश्रण में चीनी, बादाम, पिस्ता, खोया और इलायची पाउडर डालकर तकरीबन 5 मिनट तक चलाते हुए पकाएं.

गैस बंद करके मिश्रण को ठंडा होने दें.

मिश्रण को कुल्फी के सांचे में डालकर सेट होने तक या 6 घंटे के लिए फ्रीजर में रख दें.

अब चाकू की मदद से कुल्फी को सांचे से निकाल कर 3-4 हिस्सों में काटकर सर्व करें.

Image may contain: 1 person, close-up

रजनी खेतान, इंदौर 

रजनी खेतान, इंदौर 

गर्मियों में ठंडी कुल्फी का टेस्ट सभी को भाता है. इसका स्वाद बदलने के लिए इसे अलग-अलग फ्लेवर में बनाया जाता है. यहां जानें आम के बेहतरीन जायके से भरपूर मैंगो कुल्फी रेसिपी...

आवश्यक सामग्री

2 कप दूध
एक कप कंडेन्स्ड मिल्क (मीठा)
2 आम छिले और कटे
आधा कप मलाई (क्रीम)
एक छोटा चम्मच इलायची पिसी
एक चुटकी केसर पिसी
आधा कप चीनी (चाहें तो)
Recipe Garnish
केसर
पिस्ता के टुकड़े

विधि

1◆सबसे पहले दूध, कंडेन्स्ड मिल्क, आम, चीनी और केसर को एक साथ मिक्सर में पीसें.
2◆ इसे पतला होने तक ग्राइंड करें.
3◆अब आम के मिश्रण के साथ मलाई (क्रीम), इलायची और केसर मिलाकर इसे फिर से ग्राइंड करें.
4◆ इसे तब तक ग्राइंड करें जब तक मिक्सचर में मलाई अच्छी तरह मिक्स न हो जाए.
5◆ इसके बाद आम के मिक्सचर को कुल्फी के सांचे में या छोटी कटोरियों में डालें.
6◆ अब सांचे या कटोरियों को एल्मोनियम फोइल से ढककर कुल्फी जमाने के लिए फ्रीजर में रखें.
7◆ जब कुल्फी जम जाए तो इसे फ्रीजर से निकालकर केसर और कटे हुए पिस्ता से गार्निश करके प्लेट्स या कटोरियों में सर्व करें

Image may contain: 1 person, close-up

रजनी खेतान, इंदौर 

रजनी खेतान इंदौर  

चहरे को सिकोड़ते हुए बात करने,

माथे पर बल डालने, आँखें मिचमिचाने,

हथेलियों को गालों पर टिकाने, पिम्पल्स नोचने,

आँखें मलने जैसी आदतें त्वचा को नुकसान पहुंचाती है |

चहरे की त्वचा संवेदनशील होती है, इसलिये इस पर दाग धब्बे अधिक पड़ते हैं | ये आदतें झुर्रीयों को बढ़ाने का काम करती है अतः इन आदतों को जल्द ही छोड़ दें |

 

Image may contain: 1 person, close-up
 

 

रजनी खेतान इंदौर  

रजनी खेतान इंदौर  

●खीरे, गुलाबजल और नींबू के रस का फेस पैक

टैन हटाने में नींबू प्राकृतिक ब्लीच का कार्य करता है तथा मुहांसे हटाने में भी सहायता करता है। खीरे का रस तथा गुलाबजल प्रभावित भाग को ठंडक देने का काम करते हैं। इस मिश्रण को रुई की मदद से प्रभावित भागों पर लगाएं। 10 मिनट प्रतीक्षा करें तथा चेहरे को ठन्डे पानी से धो लें।

●चेहरे से टैन के लिए बेसन और हल्दी का फेस पैक

इस पैक से आप अपने चेहरे की ब्लीचिंग एवं स्क्रबिंग दोनों कर सकते हैं। फेशियल स्टेप, 2 चम्मच बेसन, एक चुटकी हल्दी, 1 चम्मच दूध और 1 चम्मच पिसे हुए संतरे के छिलके को एक पात्र में लें और उसमें ठंडा गुलाबजल डालें। साफ़ त्वचा पर लगाएं और 20 मिनट तक सूखने दें। इस पैक को हर एक दिन के अंतराल पर लगाएं। इससे त्वचा की मृत कोशिकाएं निकलती हैं तथा टैन भी दूर होता है।

●कुहनियों का कालापन दूर करने के पपीते और शहद का फेस पैक

संवेदनशील त्वचा के लिए घरेलू फेस पैक्स
पपीते और शहद के गुण त्वचा को जवान बनाने, उसे गोरा करने, उसे नमी देने, नरम मुलायम बनाने तथा अच्छे से साफ़ करने के लिए जाने जाते हैं। फेशियल स्टेप, इस पैक को बनाने के लिए पके हुए पपीते के गूदे को शहद के साथ मिलाएं। इसे साफ़ त्वचा पर लगाएं तथा पानी से धोने से पहले 30 मिनट तक सूखने दें।

●चेहरे से सनटैन के लिए दलिये और मलाईदार दूध का पैक

मलाईदार दूध टैन्ड त्वचा को तथा धूप में जलने की वजह से हुए धब्बों को सुकून देने का काम करता है। दलिया एक प्राकृतिक स्क्रब है जो कि त्वचा के काले धब्बों एवं मृत कोशिकाओं को अंदर से साफ़ करता है।


●टमाटर, दही और नींबू के रस का फेस पैक

यह पैक टैन्ड त्वचा से काले धब्बे एवं रंजकता हटाने में काफी लाभदायक हैं। इन तीनों उत्पादों में मौजूद सिट्रिक एसिड त्वचा के लिए प्राकृतिक ब्लीच का काम करते हैं।

●एलोवेरा, मसूर की दाल एवं टमाटर का फेस पैक – सन टैनिंग

यह फेशियल पैक काफी मात्रा में हुई टैनिंग को भी हटाता है तथा त्वचा की रंगत में निखार लाता है।

●चेहरे से सन टैन के लिए आलू और नींबू के रस का फेस पैक

आलू में विटामिन, मिनरल, प्रोटीन एवं फाइबर के गुण होते हैं। फेशियल मसाज, आलू का रस टैन्ड त्वचा को साफ़ करने, काले धब्बे दूर करने एवं धूप से जली हुई त्वचा को ठीक करने के काम आता है।

●स्ट्रॉबेरी और दूध की मलाई का फेस पैक

त्वचा की मृत कोशिकाएं निकालने वाले प्राकृतिक कारक
यह फेशियल पैक चेहरे के टैन एवं काले धब्बों को हटाता है तथा सूरज के त्वचा पर अत्याधिक प्रभाव के फलस्वरूप हुए रंजकता और दाग धब्बों के निशानों को भी दूर करता है।

●दूध पाउडर, शहद एवं बादाम के तेल का फेस पैक

दूध का पाउडर सूखी त्वचा को नमी देने में काफी अहम भूमिका निभाता है तथा सन टैन के प्रभाव को कम करने तथा तथा प्रभावित त्वचा को साफ़ करने में भी काफी लाभकारी होता है। फेशियल मसाज, 2 चम्मच दूध पाउडर, 1 चम्मच शहद तथा बादाम के तेल की कुछ बूँदें डालकर एक मिश्रण तैयार करें और इसे चेहरे पर अच्छे से लगाएं। इसे चेहरे पर 20 मिनट तक छोड़ दें तथा इसके बाद गर्म पानी से धो लें।

●चेहरे की टैनिंग के लिए केसर और ताज़ी मलाई का फेस पैक

फेशियल कैसे करें, केसर का प्रयोग सदियों से त्वचा को चमक प्रदान करने, उसे टोन करने तथा टैन हटाने के लिए किया जाता रहा है। थोड़ा सा केसर 2 चम्मच मलाई में डालकर रातभर के लिए छोड़ दें। इसे सुबह अपनी उँगलियों से मिलाएं तथा अपने चेहरे पर लगाएं। 20 मिनट तक सूखने के लिए छोड़ दें तथा इसके बाद पानी से धो लें।

●कुहनियों का कालापन दूर करने के आटे का फेस पैक

फेशियल कैसे करें, त्वचा पर आटा लगाने से त्वचा की रंगत में निखार आता है, काले धब्बे हट जाते हैं और गोरी त्वचा पर सूर्य की किरणों से पैदा हुई असमान रंगत और जलन भी दूर होती है। 2 चम्मच आटे और पानी की मदद से एक फिसलने वाला पेस्ट बनाएं और इसे अपने चेहरे पर लगाएं। इसे 15 मिनट तक चेहरे पर छोड़ दें और पानी से धो लें

Image may contain: 1 person, close-up

रजनी खेतान इंदौर  

रजनी खेतान, इंदौर 

दाल मखनी उत्तर भारत (खास कर पंजाब) में बहुत पसंद की जाती है|

यह दाल ज़्यादातर functions में बनाई जाती है|

प्रोटीन की मात्रा भरपूर होने के कारण यह बहुत पोस्टिक भी होती है|

सामग्री

• उड़द की दाल – 1 छोटी कटोरी

• राजमा – 1/4 कटोरी

• तेल -1 से 2 टेबिल स्पून

• प्याज़ – 1

• अदरक – एक इंच

• लहसुन 4-5 कलियाँ

• हींग — 1 पिन्च

• जीरा — आधा छोटी चम्मच

• क्रीम या मलाई – आधा छोटी कटोरी

• धनियां पाउड - 1 छोटी चम्मच

• लाल मिर्च पाउडर — 1/4 छोटी चम्मच

• हरी मिर्च —1- 2 बारीक कटी हुई

• नमक — स्वाद अनुसार

• हरा धनियाँ — बारीक कटा हुआ

विधि

1. उड़द और राजमा साफ़ कर के रात भर या 8 घंटे के लिये भिगो दें|

2. उड़द और राजमा धो कर कुकर में उबाल लीजिये, उबलने के लिये कुकर मे एक सिटी तेज़ आच पर लगवाएँ उसके बाद गैस को कम कर दे और 5-6 सिटी लगवाएँ।

3. अदरक, लहसुन ,हरी मिर्च, प्याज़ को मिक्सी मे पीस लीजिये।

4. कढ़ाई में तेल डाल कर गरम कीजिये उसमे हींग और जीरा डाले, जीरा भुनने के बाद मिक्सी का पीसा मसाला डाल दीजिये, धनियां, लाल मिर्च पाउडर डाले मसाले को तब तक पकने दे जब तक मसाला तेल नही छोड़े फिर क्रीम या मलाई डाल कर मसाले को अच्छी तरह से चला कर तब तक भुने जब तक मसाले के साथ क्रीम अच्छी तरह ना मिले|

5. फिर उबले हुये उड़द और राजमा डाल दीजिये और अच्छी तरह से चम्मच चलाये उसके बाद 2-3 कप पानी डाले, या आपको जितनी पतली दाल आपको चाहिये उतना पानी दाल दीजिये| फिर नमक, गरम मसाला डाल दीजिये उस के बाद ढ़क कर 3-4 मिनट तक पकने दे| दाल पर हरा धनिया डाल दीजिये, दाल बन कर तैयार है।

Image may contain: 1 person, close-up
 
रजनी खेतान, इंदौर 
 
पृष्ठ 1 का 2