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नई दिल्ली: पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद प्रमुख मसूद अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने की भारत की कोशिश को बड़ा झटका लगा है। चीन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में उसे वैश्विक आतंकी घोषित करने वाले प्रस्ताव पर तकनीकी रोक लगा दी। बीते 10 साल में संयुक्त राष्ट्र में अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित कराने का यह चौथा प्रस्ताव था। चीन के इस रुख के बाद कांग्रेस ने मोदी सरकार की विदेशी नीति पर सवाल उठाए हैं।

कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा, 'आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक लड़ाई में एक दुखद दिन! चीन ने मसूद अजहर को वैश्विक आतंकवादी के रूप में नामित होने में रोड़ा अटकाया है और आतंकवाद के प्रजनन पाकिस्तान के एक अविभाज्य सहयोगी होने की चीनी स्थिति की पुष्टि की। अफसोस की बात है कि मोदीजी की विदेश नीति कूटनीतिक आपदाओं की एक श्रृंखला रही है।'

 

एक और ट्वीट में उन्होंने कहा, 'आज फिर आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई को चीन-पाक गठजोड़ ने आघात पहुंचाया है। 56 इंच की ‘Hugplomacy’ और झूला-झुलाने के खेल के बाद भी चीन-पाकिस्तान का जोड़ भारत को 'लाल-आंख' दिखा रहा है। एक बार फिर एक विफल मोदी सरकार की विफल विदेश नीति उजागर हुई।' 

पुलवामा आतंकी हमले के जिम्मेदार मसूद अजहर के बचाव में उतरे चीन के रुख पर विदेश मंत्रालय ने प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए कहा, 'हम निराश हैं। लेकिन हम सभी उपलब्ध विकल्पों पर काम करते रहेंगे, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि भारतीय नागरिकों पर हुए हमलों में शामिल आतंकवादियों को न्याय के कठघरे में खड़ा किया जाए। हम उन देशों के आभारी हैं जिन्होंने अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने की कवायद में हमारा समर्थन किया है।'

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की 1267 अल कायदा सेंक्शन्स कमेटी के तहत अजहर को आतंकवादी घोषित करने का प्रस्ताव 27 फरवरी को फ्रांस, ब्रिटेन और अमेरिका द्वारा लाया गया था।

 

 

 

नई दिल्ली : तृणमूल कांग्रेस ने मंगलवार को पश्चिम बंगाल की लोकसभा की सभी 42 सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी। पश्चिम बंगाल में सात चरणों में 11 अप्रैल से 19 मई तक चुनाव होंगे। टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी ने टीएमसी का करीब 41 प्रतिशत टिकट महिलाओं को दिया है। इससे पहले ममता बनर्जी ने घोषणा की कि इस चुनाव में उनकी पार्टी करीब 41 प्रतिशत महिलाओं को टिकट देगी।

टीएमसी के लिए आज का दिन अच्छा नहीं रहा क्योंकि उसके एक सांसद अनुपम हाजरा भाजपा में शामिल हो गए। पश्चिम बंगाल में मुख्य मुकाबला टीएमसी और भाजपा के बीच माना जा रहा है। पश्चिम बंगाल के लिए टीएमसी को छोड़ अभी किसी राजनीतिक दल ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा नहीं की है। पश्चिम बंगाल में टीएमसी, भाजपा के अलावा कांग्रेस और माकपा चुनाव मैदान में हैं।

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पश्चिम बंगाल की लोकसभा की 42 सीटों के लिए सात चरणों में वोट डाले जाएंगे। यहां मुख्य मुकाबला टीएमसी और भाजपा के बीच माना जा रहा है। हाल के वर्षों में कांग्रेस और माकपा का जनाधार कम हुआ है और भाजपा मुख्य विपक्षी पार्टी के रूप में उभरी है। ऐसे में भगवा पार्टी अपने लिए इस राज्य में संभावनाएं देख रही है। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने राज्य में 23 से ज्यादा सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। भाजपा अध्यक्ष ने पश्चिम बंगाल की अपनी रैलियों में ममता सरकार पर तीखे हमले किए हैं। भाजपा को उम्मीद है कि एनआरसी और बांग्लादेशी घुसपैठियों के मुद्दे पर उसे जनता का साथ मिलेगा।     

2014 के लोकसभा चुनावों में मोदी लहर के बावजूद ममता बनर्जी अपना किला बचाने में सफल हो गई थीं। टीएमसी यहां 34 सीटें जीतने में कामयाब रही जबकि कांग्रेस के खाते में दो सीटें आई थीं। भाजपा ने यहां दो सीटें दार्जिलिंग और आसनसोल जीती थीं जबकि माकपा दो सीटों पर विजयी रही। 

 

नई दिल्ली/गुरुग्राम, जेएनएन। प्रवर्तन निदेशालय  आतंकियों को फंडिग के खिलाफ कार्रवाई तेज करते हुए लश्कर-ए- तैयबा से जुड़े कश्मीरी व्यवसायी जहूर अहमद शाह वटाली की गुरुग्राम में तकरीबन एक करोड़ रुपये की संपत्ति को जब्त किया है।

ईडी के वरिष्ठ अधिकारी की मानें तो यह कार्रवाई धनशोधन निरोधक अधिनियम (पीएमएलए) के तहत की गई है। हाफिज सईद 2008 के मुंबई आतंकी हमले का मास्टरमाइंड है। वहीं ईडी के सूत्रों के मुताबिक, गुुरुग्राम में यह विला सईद के फाइनेंसर कश्मीरी व्यापारी जहुर अहमद शाह वटाली ने खरीदा था। पिछले साल ही वटाली को एनआइए ने आतंकी संगठनों को फंडिंग करने के मामले में दबोचा था।

जहूर अहमद शाह वटाली पर आरोप है कि वह लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद के बैंकर और फाइनेंसर है। ईडी के मुताबिक, कश्मीरी व्यवसायी जहूर अहमद वटाली की यह संपत्ति गुरुग्राम में है। बाजार मूल्य के हिसाब से इसकी कीमत एक करोड़ तीन लाख रुपये बताई जा रही है।

गौरतलब है कि लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद के खिलाफ अपनी जांच के तहत राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने एक आरोप पत्र दाखिल किया था। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (National Investigation Agency) ने 2017 में आतंकियों को मदद देने के आरोप में वटाली समेत 18 के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इस मामले की एनआइए जांच अब भी जारी है।

बताया जा रहा है कि लश्कर-ए-तैयबा मुखिया हाफिज सईद के पैसों से करोड़ों रुपये में गुरुग्राम में खरीदे गए विला को प्रवर्तन निदेशालय ने कुर्क कर लिया है।

ईडी सूत्रों की मानें तो यह विला फलाह ए इंसानियत फाउंडेशन के पैसों से खरीदा गया था, जिसे सईद पाकिस्तान में चलाता है। यह भी बताया जा रहा है कि विला खरीदने के लिए यह पैसा संयुक्त अरब अमीरात से हवाला के जरिए भारत पहुंचा था। इस पैसों का मकसद आतंकी गतिविधियों को अंजाम देना भी था। 

  • मुंबई आतंकी हमले का मास्‍टरमाइंड है हाफिज मोहम्मद सईद
  • हमेशा कश्‍मीर में जेहाद और भारत के खिलाफ आग उगलता रहता है
  • इसके ऊपर अमेरिका ने एक करोड़ डॉलर का इनाम घोषित कर रखा है, लेकिन वह पाकिस्‍तान में बेखौफ घूम रहा है। 
  • आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक और वर्तमान में जमात-उद-दावा का सरगना हाफिज सईद का जन्‍म पाकिस्‍तान के पंजाब प्रांत के सरगोधा में 10 मार्च 1950 को हुआ था।
  • वह भारत की सर्वाधिक वांछित अपराधियों की सूची में शामिल है।
  • मुंबई की 26/11 हमले में उसका हाथ होने की बात सामने आई थी जिसमें छह अमेरिकी नागरिक समेत 166 लोग मारे गए थे। भारत तब से पाकिस्तान से लगातार उसे सौंपने को कहता रहा है।
  • अमेरिका ने दुनिया में 'आंतकवाद के लिए जिम्मेदार' लोगों की सूची जारी की है उसमें हाफिज सईद का भी नाम है। उस पर अमेरिका ने एक करोड़ डॉलर का इनाम घोषित कर रखा है।
  • मजे की बात यह है कि वह आजादी से पाकिस्तान में घूम रहा है और सार्वजानिक तौर पर सभाओं को संबोधित कर रहा है।
  • सईद अरबी और इंजीनियरिंग का पूर्व प्राध्यापक रहा है। वह जमात-उद-दावा का संस्थापक है। यह एक चरमपंथी इस्लामी संगठन है जिसका मकसद भारत के कुछ हिस्सों और पाकिस्तान में इस्लामी शासन स्थापित करना है। हाफिज ने यह संगठन तब बनाया था ज‍ब पाकिस्‍तान में लश्कर-ए-तैयबा पर प्रतिबंध लगा दिया गया था।
  • मुंबई आतंकी हमलों में उसकी भूमिका को लेकर भारत ने सईद के खिलाफ इंटरपोल रेड कार्नर नोटिस जारी कर रखा है, वहीं अमेरिका ने उसे विशेष निगरानी सूची में रखा है।

11 सितंबर 2001 में अमेरिका पर हुए हमलों के बाद लश्कर-ए-तैयबा पर दुनिया की नजरें टिकीं और अमेरिका ने लश्‍कर को विदेशी आतंकी संगठन घोषित किया था। वर्ष 2002 में पाकिस्तानी सरकार ने भी लश्कर पर प्रतिबंध लगा दिया। उसके बाद हाफिज सईद ने लश्कर-ए-तैयबा का नया नाम जमात-उद-दावा रखा, हालांकि हाफिज सईद इस बात से इनकार करता है कि जमात-उद-दावा का लश्कर से कोई संबंध है। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने मुंबई आतंकी हमलों के तुरंत बाद दिसंबर 2008 में जमात-उद-दावा को आतंकी संगठन घोषित किया था। मुंबई हमलों के बाद सईद को अंतरराष्ट्रीय दबाव को देखते हुए छह महीने से कम समय तक नजरबंद रखा गया था। लाहौर हाई कोर्ट के आदेश के बाद उसे 2009 में रिहा कर दिया गया था।

पाकिस्तान में भी जमात-उद-दावा पर प्रतिबंध है लेकिन वह जिहाद के लिए पैसा जुटाता है, उसका प्रमुख हाफिज सईद खुलेआम जिहाद के लिए लोगों को प्रोत्साहित भी करता रहता है।

हाफिज सईद ने अफगानिस्तान में जिहाद का प्रचार करने और लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए 1985 में जमात-उद-दावा-वल-इरशाद की स्थापना की और लश्कर-ए-तैयबा उसकी शाखा बनी। 1990 के बाद जब सोवियत सैनिक अफगानिस्तान से निकल गए तो हाफिज सईद ने अपने मिशन को कश्मीर की तरफ मोड़ दिया। कश्मीर में आतंकी कार्रवाइयां करने वाला सबसे बड़ा पाकिस्तानी संगठन लश्कर-ए-तैयबा है, लश्कर और आइएसआइ के रिश्तों के सुराग अनेक बार मिल चुके हैं।

भारत सरकार 2003, 2005 और 2008 में हुए आतंकी हमलों के लिए लश्कर-ए-तैयबा को जिम्मेदारी मानती है। भारतीय संसद पर हमले की कड़ी भी इसी गुट से जुड़ती है।

अब प्रत्येक राशनकार्ड धारक को उज्ज्वला गैस कनेक्शन का लाभ दिया जाएगा। अभी तक उज्ज्वला का लाभ एससी-एसटी और ओबीसी वर्ग को ही दिए जाने पर कार्य चल रहा था। लेकिन केंद्र सरकार ने अब नए साल में प्रत्येक राशनकार्ड धारक को मुफ्त में कनेक्शन दिए जाने की योजना तैयार की है। राशन कार्ड में परिवार की मुखिया महिला के नाम पर ही इस योजना का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए जिला आपूर्ति विभाग जहां मुख्यालय डाटा भेजने की तैयारी में है। वहीं हिन्दुस्तान पेट्रोलियम ने सभी एजेंसियों के लिए सर्कुलर जारी कर दिया है।

केंद्र में भाजपा की सरकार बनने के बाद पीएम मोदी ने पर्यावरण को प्रदूषण रहित और ग्रामीण व गरीब महिलाओं को चूल्हे से दूरी बनाने के उदेश्य से उज्ज्वला गैस कनेक्शन दिए जाने की योजना शुरू की थी। इस योजना के तहत पूरे देश में एससी-एसटी वर्ग के लोगों को मुफ्त में रसोई गैस कनेक्शन वितरित किए गए। जिले में उज्ज्वला के 1.61 लाख लोगों को कनेक्शन दिए जा चुके हैं। योजना की सफलता को देखते हुए सरकार ने इसके दायरे को बढ़ाते हुए ओबीसी वर्ग के लोगों को भी मुफ्त में रसोई गैस कनेक्शन दिए जाने की योजना तैयार की थी। लेकिन अब केंद्र सरकार ने इसका दायरा और बढ़ाते हुए सभी जरूरतमंद वर्गों के लोगों को मुफ्त में रसोई गैस कनेक्शन दिए जाने की योजना बनाई है। जिसके तहत प्रत्येक राशनकार्ड धारक को मुफ्त में रसोई गैस कनेक्शन दिया जाना है।

इस योजना का लाभ लेने के लिए परिवार की मुखिया महिला का आधार कार्ड, फोटो, बैंक की पासबुक और यूनिटों में 18 वर्ष से अधिक लोगों के आधार कार्ड, राशन कार्ड लगाना आवश्यक होगा। नए साल में इस योजना में ओबीसी वर्ग को जोड़े जाने का कार्य चल रहा था। लेकिन अभी मंत्रालय की ओर से नए निर्देश मिले हैं। जल्द ही प्रत्येक राशन कार्ड धारकों को उज्ज्वला योजना के तहत रसोई गैस कनेक्शन वितरित किए जाएंगे।

 

भोपाल: मध्य प्रदेश में 15 साल का वनवास खत्म करने के लिए कांग्रेस ने पूरी ताकत झोक दी है. मध्य प्रदेश के इंदौर में मीडिया से बातचीत में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला. पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, "दो करोड़ नौकरियों का वादा जुमला बनकर रह गया... राफेल में 'दाल में काला है', इसलिए JPC नहीं बनाई जा रही है..."    मनमोहन सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय संस्थानों को ख़त्म किया जा कहा है. यहां हर पांच घंटे में एक किसान आत्महत्या करता है. राज्य में बेरोजगारी की वजह से खुदकुशी के मामले बढ़े हैं. उन्होंने नोटबंदी को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा और कहा कि नोटबंदी का कोई मकसद पूरा नहीं हुआ. 

इंदौर में प्रेस वार्ता के दौरान मनमोहन सिंह ने कहा कि मेरी सरकार ने एमपी सरकार को हर संभव मदद दिया, अगर विश्वास न हो तो शिवराज सिंह जी से पूछ लीजिए. इस सरकार में भी सेंटर स्टेट संबंध होना चाहिए.  उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के चंद महीने शेष रह गए. मुझे यह कहते शर्म नहीं आती कि मोदी सरकार ने कोई वादा पूरा नहीं किया. 

मनमोहन सिंह ने कहा कि पीएम मोदी को शोभा नहीं देता कि वे विपक्षी दलों के नेताओं के साथ गाली गलौज करें. साथ ही उन्होंने कहा कि मेरी सरकार रिमोट से चलने का आरोप बेबुनियाद. 

देश के पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि देश और मध्यप्रदेश की जनता मौजूदा सरकार की नीतियों से तंग आ चुकी है. उन्होंने कहा कि आज की सरकार के इस दौर में न तो आम आदमी खुश है और न ही किसान. पेट्रोल-डीजल के बढ़ती कीमत की वजह से समाज के एक बड़े वर्ग को परेशानी हो रही है. उन्होंने इस दौरान नोटबंदी, जीएसटी को लेकर सरकार की नीतियों पर भी सवाल उठाए.

उन्होंने कहा कि किसान, व्यापारी और छोटे व मझौले कारोबारी सबसे ज्यादा परेशान हैं. नोटबंदी ने व्यापारियों की कमर तोड़कर रख दी है. सिंह ने कहा कि नोटबंदी के बावजूद भी भारत न तो काला धन आया और न ही आतंकवाद या नक्सलवाद ही बंद हुआ. नोटबंदी  की वजह से बड़े स्तर पर काले धन को सफेद किया. उन्होंने कहा कि सरकार की इस फैसले की वजह से सैंकड़ों लोगों की जान की. मोदी सरकार ने वादा किया था कि वह स्विस बैंक से काला धन लाएंगे और सभी भारतीय के खातों में 15 लाख रुपये देंगे. 2014 में कहा गया था कि वह हर साल 2 करोड़ नौकरी देंगे. ये सभी वादे आज तक अधूरे हैं. मोदी सरकार ने सभी से झूठ बोला और ठगा है. लेबर ब्यूरो सर्वे तक को बंद कर दिया गया है. 

उन्होंने कहा कि नौकरी कितनी बड़ी समस्या है इसे बस ऐसे समझा जा सकता है कि मध्यप्रदेश में पीएचडी और एमए किए लोग पियून की नौकरी के लिए आवेदन कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में सरकार ने कुछ भी नहीं किया. इस वजह से आत्महत्या के मामले भी बढ़े हैं. पूर्व पीएम ने कहा कि बीते कुछ समय से हम देख रहे हैं किस तरह से सरकार सीबीआई और आऱबीआई जैसी एजेंसियों पर हमला बोल रही है. यह लोकतंत्र के लिए सही नहीं है. 

अमृतसर,18 अक्टूबर। यहां के सरकारी टीबी अस्पताल में ऑक्सीजन न मिलने के कारण एक मरीज ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। 42 वर्षीय मंगल सिंह जद्दोजहद करता रहा लेकिन सरकारी अस्पताल की उदासीनता के चलते उसकी सांसें थम गई। अब मरीज की मौत के बाद अस्पताल प्रशासन ऑक्सीजन सप्लाई करने वाली कंपनी पर लापरवाही आरोप लगा रहा है। वहीं सेहत मंत्री ने इस मामले में रिपोर्ट मांगी है। इस गोरखपुर की हृदयविदारक घटना के बाद भी यहां अस्पताल प्रशासन ने सीख नहीं ली।
बताया जा रहा है कि मंगलवार को टीबी अस्पताल में ऑक्सीजन सिलेंडर की आपूर्ति नहीं हुई। अस्पताल में सिर्फ दो ही सिलेंडर थे। जयंतिपुर निवासी मंगल सिंह को फूड पाइप के ऑपरेशन के बाद इमरजेंसी वार्ड में दाखिल किया गया था। सोमवार रात उसे ऑक्सीजन लगाई गई लेकिन सिलेंडर मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे खत्म हो गया।
मंगल सिंह की पत्नी हरजीत कौर ने बताया कि उसने इमरजेंसी वार्ड के स्टाफ को इस बारे में कई बार बताया लेकिन उसे यही जवाब मिला कि अभी ऑक्सीजन की सप्लाई आई नहीं है इसलिए कुछ देर इंतजार करे। ऑक्सीजन की कमी के कारण मंगल सिंह तड़पता रहा और करीब आधे घंटे बाद शाम सात बजे उसने दम तोड़ दिया। दुखद पहलू ये भी रहा कि उसकी मौते की जानकारी मिलने के बाद भी टीबी अस्पताल के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे और देर रात तक उसका शव इमरजेंसी वार्ड के बेड पर ही पड़ा रहा।
हरजीत कौर ने बताया कि वह बार-बार मिन्नतें करती रही कि मेरे पति को ऑक्सीजन लगा दो लेकिन स्टाफ ने बदसलूकी से बात करते हुए चुप रहने को कहा। पति की मौत के बाद ऑक्सीजन की सप्लाई आई। इससे बगैर आक्सीजन तड़प रहे अन्यप मरीजों को राहत मिली।
सोमवार को इसी अस्पताल में कुलदीप कौर नाम की 22 वर्षीय लड़की की मौत भी हुई थी। बताया जाता है कि कुलदीप को भी ऑक्सीजन नहीं मिला जिस कारण उसकी मौत हुई, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हुई है।
उधर, इमरजेंसी वार्ड में दाखिल कुंदनलाल ने कहा कि वह तो यहां इलाज करवाने आए हैं लेकिन हालात ऐसे हैं कि मुझे लगता है मेरा दम घुट जाएगा। सुबह से ऑक्सीजन के बगैर दम घुट रहा है। अभी सिलेंडर आए हैं लेकिन मुझे ऑक्सीजन नहीं लगाई गई।
टीबी अस्पताल के प्रभारी डॉक्टर नवीन पांधी ने कहा कि वह दोपहर 1:30 बजे से शक्ति गैस कंपनी के कर्मचारियों को फोन कर रहे थे। उन्हें बार-बार यह कहा जा रहा था कि सिलेंडर भेजा जाए अन्यथा कोई अनहोनी हो सकती है लेकिन उन्होंने समय रहते सिलेंडर नहीं भेजे। वह बुधवार को शक्ति गैस कंपनी के संचालक से इस बाबत स्पष्टीकरण मांगेंगे। एजेंसी का लाइसेंस भी रद्द किया जा सकता है।

लखनऊ। समाजवादी परिवार में लंबे समय से चली आ रही रार अब समाप्त होने की राह पर है। आज लखनऊ में समाजवादी पार्टी के सरंक्षक मुलायम सिंह यादव के साथ पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव डॉ. राम मनोहर लोहिया के पुण्य तिथि समारोह में एक साथ पहुंचे।
देश की राजनीति को समाजवाद से परिचित कराने वाले डॉ. राम मनोहर लोहिया की 50वीं पुण्यतिथि पर आज लखनऊ में डॉ. राम मनोहर लोहिया पार्क में मुलायम सिंह यादव के साथ अखिलेश यादव ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि की।
इसके साथ ही शहर में समाजवादी पार्टी के कार्यालय तथा लोहिया ट्रस्ट में भी आज आयोजन किया गया। समाजवाद के पुरोधा डॉ. राम मनोहर लोहिया की 50वीं पुण्यतिथि पर आज लखनऊ में पिता मुलायम सिंह यादव अपने पुत्र अखिलेश यादव के साथ डॉ. लोहिया की श्रद्धांजलि सभा में पहुंचे।
सपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने कहा अखिलेश को हमारा आशीर्वाद है भारत को चीन से सावधान रहने की दी सलाह, बोले चीन धोखेबाज़ देश है।
इसके साथ ही लोहिया ट्रस्ट में भी श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गयी। लोहिया पार्क में आयोजित समारोह में शिवपाल सिंह यादव नहीं पहुंचे थे। समाजवादी पार्टी के कार्यक्रमों में के बार फिर से मुलायम परिवार में पड़ी दरार साफ़ देखने को मिली। सपा ने जनेश्वर-लोहिया ट्रस्ट और लोहिया पार्क में सभाएं आयोजित की थी। सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष को जनेश्वर ट्रस्ट में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में जाना था।
अखिलेश यादव आखिरी समय में लोहिया पार्क पहुँच गए। जिसका कारण था कि, उस समय जनेश्वर ट्रस्ट में सपा नेता शिवपाल सिंह यादव मौजूद थे। शिवपाल सिंह और अखिलेश यादव के बीच पारिवारिक घमासान यूपी चुनाव के समय से शुरू हुआ था।

पंचकुला में हुई हिंसा मामले में हनीप्रीत ने अपना गुनाह कबूल लिया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार हनीप्रीम ने माना है कि वह 25 अगस्त को हुई पंचकुला हिंसा की साजिश में शामिल थी। ज्ञातव्य है कि मंगलवार को हनीप्रीत की 6 दिन की पुलिस रिमांड खत्म हो गई थी। इन 6 दिनों में हनीप्रीत ने पुलिस को गुमराह किया और कोई बडा खुलासा नहीं किया। ना ही पंचकुला हिंसा मामले में उसने अपना जुर्म कबूला था। पुलिस ने कल हनीप्रीत को कोर्ट में पेश किया और कोर्ट से रिमांड की मांग की।

इस पर कोर्ट ने हनीप्रीत को 3 दिन की पुलिस रिमांड पर सौंप दिया। अब पुलिस सूत्रों के अनुसार हनीप्रीत ने अपना गुनाह कबूल लिया है। ज्ञातव्य है कि कोर्ट में पुलिस ने कहा था कि हनीप्रीत की निशानदेही पर लैपटॉप रिकवर करना है। उसमें एक नक्शा है जिसे बरामद करना है, नक्शे में पंचकूला शहर का पूरा मैप, भागने की प्लानिंग सब था।

पंचकुला। हरियाणा पुलिस हनीप्रीत को बीती रात डेरा सच्चा सौदा चीफ राम रहीम के गांव गुरसर मोडिया लेकर गई थी। वहां पुलिस ने हनीप्रीत से लगभग 3 घंटे तक पूछताछ की। साथ ही देरा रात तक छापेमारी भी चली। बीती रात चार गाडियों के काफिले के साथ एसआईटी की टीम ने गांव में कई जगहों पर ताबडतोड छापेमारी की। ताकि हनीप्रीत से मिले हिंसा के सुरागों की कडियां जोडी जा सके। माना जा रहा है कि हनीप्रीत को हरियाणा पुलिस आज सिरसा लेकर जा सकती है। ज्ञातव्य है कि पुलिस पूछताछ में हनीप्रीत ने अपना गुनाह कबूल लिया है। हनीप्रीत ने माना कि वह पंचकुला में हुई हिंसा की साजिश रचने में शामिल थी। पंचकुला हिंसा का मास्टर प्लान हनीप्रीत के लैपटॉप में है।

अब पुलिस हनीप्रीत के उस लैपटॉप को ढूंढने में लगी है। साथ ही पुलिस उस मोबाइल को भी तलाश रही है जो हनीप्रीत ने पंचकुला हिंसा के दौरान काम में लिया था। वहीं खबरों के अनुसार पुलिस आज पुलिस हनीप्रीत को सिरसा ले जा सकती है। इससे पहले पुलिस ने भठिंडा के एक घर में हनीप्रीत से कई सवाल किए थे। प्राप्त जानकारी के अनुसार हनीप्रीत ने हिंसा की साजिश रचने की बात तो कबूल कर ली लेकिन अभी भी वह पुलिस के कई सवालों का जवाब नहीं दे रही है। पुलिस अब तक ये भी नहीं पता लगा सकी है कि हिंसा के लिए डेरा समर्थकों को रुपये किसने दिए और ये रुपये किसके जरिए आए थे।